इस पैच का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा स्टीम प्लेयर्स के लिए वॉइस रिकग्निशन का फिक्स है। Phasmophobia जैसे गेम में, जहां भूतों से बात करना और सबूत जुटाना पूरी तरह से आपकी आवाज पर निर्भर करता है, इस फीचर का टूटना गेमप्ले को लगभग असंभव बना देता था। अब स्टीम पर खेलने वाले खिलाड़ी बिना किसी डर के भूतों से सवाल पूछ पाएंगे।
इसके अलावा, डेवलपर्स ने स्पिरिट बॉक्स (Spirit Box) का उपयोग करते समय होने वाले 'सॉफ्टलॉक' को भी ठीक किया है। पहले, कंट्रोलर का उपयोग करने वाले खिलाड़ी जब स्पिरिट बॉक्स का इस्तेमाल करते थे, तो गेम अक्सर फ्रीज या अटक जाता था। अब आप बिना किसी रुकावट के अपने कंट्रोलर के साथ भूतिया कमरों की जांच जारी रख सकते हैं।
VR और माइक्रोफोन सेटिंग्स पर ध्यान दें
Kinetic Games ने विशेष रूप से PC और VR पर खेलने वाले यूजर्स को सलाह दी है। यदि आप अभी भी वॉइस रिकग्निशन के साथ समस्याओं का सामना कर रहे हैं, तो सुनिश्चित करें कि आपके विंडोज (Windows) की डिफॉल्ट माइक्रोफोन सेटिंग्स सही तरीके से कॉन्फ़िगर की गई हैं। अक्सर सिस्टम अपडेट या हार्डवेयर स्विच के कारण ये सेटिंग्स बदल जाती हैं, जिससे गेम आपकी आवाज नहीं सुन पाता।
यह पैच भले ही छोटा लग सकता है, लेकिन गेम की स्थिरता और 'इमर्शन' के लिए यह बहुत जरूरी था। खास तौर पर कंसोल और पीसी के बीच क्रॉस-प्ले के दौरान आने वाली इन छोटी-मोटी दिक्कतों को दूर करना एक स्मूथ गेमिंग अनुभव के लिए अनिवार्य है।
